प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि (PM-KISAN) योजना के तहत केंद्र सरकार ने 21वीं किस्त का भुगतान कुछ राज्यों के किसानों को समय से पहले कर दिया है। हिमाचल प्रदेश, पंजाब और उत्तराखंड के किसानों को इस विशेष किस्त का लाभ दिया गया है। इन राज्यों में हाल ही में बाढ़, भारी वर्षा और भूस्खलन जैसी प्राकृतिक आपदाओं ने किसानों की फसल और आजीविका को गहरा नुकसान पहुँचाया था। ऐसे हालात में राहत देने के उद्देश्य से केंद्र ने तात्कालिक रूप से यह राशि जारी की।
केंद्रीय कृषि मंत्रालय और प्रेस इन्फॉर्मेशन ब्यूरो (PIB) के अनुसार 26 सितंबर 2025 को तीनों राज्यों के करीब 27 लाख किसानों के खातों में कुल 540 करोड़ रुपये से अधिक की राशि ट्रांसफर की गई। योजना के तहत प्रत्येक किसान को ₹2,000 की किस्त सीधे उनके बैंक खातों में भेजी गई। सामान्यतः PM-KISAN के तहत हर पात्र किसान को सालाना ₹6,000 तीन बराबर किस्तों में दिया जाता है। लेकिन इस बार बाढ़ और बारिश से प्रभावित किसानों को ध्यान में रखते हुए किस्त समय से पहले जारी की गई।
योजना के मौजूदा नियमों के अनुसार इसका लाभ केवल उन किसानों को मिलता है जिनके पास कृषि योग्य भूमि है और जिनकी जानकारी राज्य सरकारों द्वारा सत्यापित की गई है। वहीं बड़े टैक्सपेयर, सरकारी अधिकारी, संस्थागत भूमि धारक और जिन किसानों ने अपनी e-KYC या बैंक डिटेल अपडेट नहीं की है, वे लाभ से वंचित रह सकते हैं। यही कारण है कि जिन किसानों को किस्त नहीं मिली है, उन्हें जल्द से जल्द अपने आधार और बैंक विवरण अपडेट करने की सलाह दी गई है।
किसान यह भी आसानी से जांच सकते हैं कि उनके खाते में किस्त पहुँची है या नहीं। इसके लिए उन्हें आधिकारिक वेबसाइट pmkisan.gov.in पर जाकर “Beneficiary Status” विकल्प चुनना होगा और आधार नंबर, बैंक खाता या मोबाइल नंबर दर्ज करना होगा। इसके बाद सिस्टम यह दिखा देगा कि राशि भेजी गई है या नहीं। अगर नाम सूची में नहीं मिलता है तो किसान नजदीकी कृषि विभाग के कार्यालय से संपर्क कर सकते हैं।
कृषि मंत्रालय का कहना है कि फिलहाल यह किस्त केवल आपदा प्रभावित तीन राज्यों के किसानों को दी गई है। अन्य राज्यों के किसानों के लिए भी 21वीं किस्त दिवाली से पहले या जल्द ही जारी की जाएगी। सरकार ने किसानों से अपील की है कि वे अपने दस्तावेज सही रखें ताकि भुगतान प्रक्रिया में कोई देरी न हो।




