वॉशिंगटन:
चिप निर्माण के क्षेत्र में एक बड़ी हलचल मचाते हुए अमेरिकी सरकार ने टेक्नोलॉजी दिग्गज इंटेल (Intel) में 10 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीद ली है। इस रणनीतिक निवेश की घोषणा स्वयं राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान की।
राष्ट्रपति ट्रंप का बयान
राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा:
“यह कदम अमेरिका की तकनीकी आत्मनिर्भरता को मज़बूत करने और चीन पर निर्भरता को कम करने की दिशा में एक बड़ा फैसला है। इंटेल जैसे विश्वस्तरीय ब्रांड को अब सरकार का सीधा समर्थन मिलेगा।”
क्यों खास है यह फैसला?
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अमेरिका अब सेमीकंडक्टर क्षेत्र में और अधिक आत्मनिर्भर बनने की दिशा में तेज़ी से कदम बढ़ा रहा है।
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इंटेल पहले से ही अमेरिका की सबसे बड़ी चिप निर्माता कंपनी है, और यह निवेश उसके अनुसंधान व उत्पादन क्षमता को और मजबूत करेगा।
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यह कदम वैश्विक टेक्नोलॉजी रेस में अमेरिका को चीन और अन्य देशों के मुकाबले बेहतर स्थिति में ला सकता है।
* घोषणा के तुरंत बाद इंटेल के शेयरों में 7% की उछाल देखी गई। निवेशकों ने इस फैसले को अमेरिका की लंबी अवधि की तकनीकी रणनीति के रूप में देखा है।
पिछले कुछ वर्षों में वैश्विक चिप संकट, सप्लाई चेन की चुनौतियाँ और चीन-अमेरिका व्यापार युद्ध के चलते अमेरिका सरकार घरेलू चिप उत्पादन को बढ़ावा दे रही है। इस निवेश को उस नीति का हिस्सा माना जा रहा है।
* सरकार और इंटेल मिलकर अमेरिका में नई फैक्ट्रियों और रिसर्च फैसिलिटीज़ पर काम शुरू कर सकती हैं। उम्मीद की जा रही है कि इस साझेदारी से हज़ारों नौकरियाँ भी पैदा होंगी।




