प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दिल्ली के लाल किले के पास हुए धमाके पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए कहा है कि इस जघन्य कृत्य में शामिल दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। भूटान दौरे पर रहते हुए भी पीएम मोदी लगातार गृह मंत्रालय और सुरक्षा एजेंसियों से संपर्क में हैं और उन्होंने इस मामले की हर स्तर पर जांच के निर्देश दिए हैं। प्रधानमंत्री ने कहा कि देश के दुश्मनों को करारा जवाब दिया जाएगा और साजिश रचने वालों को कानून के शिकंजे में लाया जाएगा।
इस घटना के बाद प्रधानमंत्री ने गृह मंत्री अमित शाह से विस्तृत रिपोर्ट मांगी और उन्हें जांच की कमान संभालने का निर्देश दिया। इसके बाद अमित शाह ने दिल्ली पुलिस, एनआईए और फॉरेंसिक टीमों के साथ उच्च स्तरीय बैठक की, जिसमें सुरक्षा एजेंसियों को हर दिशा में जांच करने को कहा गया है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि धमाका बेहद योजनाबद्ध और तकनीकी तरीके से किया गया था। जांच एजेंसियाँ विस्फोटक पदार्थ के स्रोत और संभावित नेटवर्क की पड़ताल कर रही हैं।
भूटान में अपने दो दिवसीय दौरे पर पहुंचे प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि इस कठिन समय में पूरा देश दिल्ली के साथ खड़ा है। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की और मृतकों के परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की। पीएम मोदी ने भूटान से ही अधिकारियों को निर्देश दिया कि राहत और बचाव कार्य में कोई कमी न रहे और प्रभावित परिवारों को हरसंभव सहायता दी जाए।
इस बीच, दिल्ली पुलिस और केंद्रीय एजेंसियाँ घटना स्थल से जुटाए गए साक्ष्यों की फॉरेंसिक जांच कर रही हैं। राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था को सख्त कर दिया गया है और कई शहरों में हाई अलर्ट जारी कर दिया गया है। गृह मंत्रालय ने साफ किया है कि जब तक दोषियों को गिरफ्तार नहीं किया जाता, जांच जारी रहेगी और जनता को हर अपडेट आधिकारिक चैनलों के माध्यम से दी जाएगी।
सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और शांति बनाए रखें। केंद्र ने स्पष्ट कहा है कि यह देश की सुरक्षा से जुड़ा गंभीर मामला है, इसलिए किसी भी साजिश को जड़ से खत्म किया जाएगा। प्रधानमंत्री ने दोहराया कि “भारत किसी आतंकी मंशा को सफल नहीं होने देगा — न्याय होगा, और दोषियों को सजा मिलेगी।”




