देशवासियों से आवाहन जन्मदिन और हर शुभ अवसर पर करें पौधारोपण, ‘पेड़ों का बैंक’ बनाने पर जोर
Reported by: निखिल रस्तोगी
नई दिल्ली: केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के “रोज़ एक पौधा” लगाने के संकल्प को आज पांच वर्ष पूर्ण हो गए। इस अवसर पर दिल्ली स्थित भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (पूसा संस्थान) में आयोजित कार्यक्रम में उन्होंने देशवासियों से इस हरित अभियान का हिस्सा बनने और अपने जन्मदिन सहित हर शुभ अवसर पर पौधारोपण करने का आवाहन किया।

19 फरवरी 2021 को अमरकंटक से हुई थी हरित यात्रा की शुरुआत
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शिवराज सिंह चौहान ने बताया कि इस हरित यात्रा की शुरुआत उन्होंने मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री रहते हुए 19 फरवरी 2021 को अमरकंटक में नर्मदा जयंती के अवसर पर ‘रुद्राक्ष’ और ‘साल’ के पौधे लगाकर की थी। उसी दिन उन्होंने संकल्प लिया था कि प्रतिदिन कम से कम एक पौधा अवश्य लगाएंगे। उन्होंने कहा कि व्यस्त राजनीतिक जीवन के बावजूद इस संकल्प की निरंतरता बनी रही और एक भी दिन ऐसा नहीं बीता जब पौधारोपण न किया हो।
यह राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, व्यक्तिगत संकल्प की निरंतरता
कृषि मंत्री ने कहा कि इस कार्यक्रम की कोई पूर्व निर्धारित रूपरेखा नहीं थी। तीन दिन पहले विचार आया कि पांच वर्ष पूर्ण होने पर इस संकल्प को समाज के साथ साझा किया जाए, ताकि सकारात्मक संदेश आगे बढ़े। उन्होंने साध्वी ऋतंभरा (दीदी मां) और पर्यावरणविद् डॉ. अनिल जोशी से कार्यक्रम में शामिल होने का आग्रह किया, जिसे उन्होंने सहर्ष स्वीकार किया। शिवराज सिंह चौहान ने अपनी धर्मपत्नी साधना सिंह को भी विशेष रूप से आमंत्रित किया और कहा कि यह किसी विभाग या राजनीति से जुड़ा कार्यक्रम नहीं, बल्कि पांच वर्ष पूर्व लिए गए संकल्प की निरंतरता का अवसर है।
‘प्रधानमंत्री के एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का भी उल्लेख
कृषि मंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान का उल्लेख करते हुए कहा कि इससे पर्यावरण संरक्षण को लेकर देश में नई जागरूकता आई और बड़ी उपलब्धि बताया l
पेड़ों का बैंक’ बनाने पर जोर
कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने “पेड़ों का बैंक” बनाने के प्रारंभिक विचार पर जोर देते हुए कहा कि इस पर आगे विचार-विमर्श किया जाएगा। ऐसी व्यवस्था से जो लोग पौधे लगाना चाहते हैं वे यहां से पौधे ले सकेंगे और जो देना चाहते हैं, वे भी योगदान कर सकेंगे।
जन्मदिन पर करें पौधारोपण
उन्होंने “पेड़ों का बैंक” बनाने की अवधारणा पर बल देते हुए कहा कि यदि प्रतिदिन पौधा लगाना संभव न हो, तो जन्मदिन, वर्षगांठ या अन्य खुशी के अवसर पर अवश्य पौधारोपण करें।
माला की जगह पौधारोपण से करें स्वागत
मंच से उन्होंने अपील की कि स्वागत में माला पहनाने की बजाय पौधा लगाकर उसकी तस्वीर उन्हें भेजें, या लेकर आए, वही उनका सच्चा स्वागत होगा। साध्वी ऋतंभरा ने अपने संबोधन में धर्म और प्रकृति के संबंध को रेखांकित करते हुए कहा कि कथा और प्रवचन के माध्यम से श्रद्धालुओं को अधिक से अधिक पौधारोपण के लिए प्रेरित किया जाएगा। वहीं डॉ. अनिल जोशी ने वैज्ञानिक दृष्टिकोण से पेड़ों के महत्व को समझाते हुए पर्यावरण संतुलन के लिए जनभागीदारी को आवश्यक बताया। साथ ही कृषि मंत्री को धन्यवाद कर आभार जताया कि यह कार्य धरती मां के लिय बहुत बड़ी सेवा है l यह पूरे समाज के हित में है कार्यक्रम में उपस्थित लखपति दीदी, कृषि से जुड़े साथियों और कार्यकर्ताओं ने कृषि मंत्री के पांच वर्षों के इस सतत संकल्प की सराहना की और पर्यावरण संरक्षण को जनअभियान बनाने का संकल्प दोहराया। कार्यक्रम के समापन पर कृषि मंत्री ने सभागारमें उपस्थित सभी को जन्मदिन के अवसर पर एक पौधा लगाने को लेकर शपथ दिलवाई l




