वेनेज़ुएला विवाद पर UN में घिरा अमेरिका, कई देशों ने बताया कानून उल्लंघन

SHARE:

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की आपात बैठक में वेनेज़ुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो की गिरफ्तारी को लेकर अमेरिका को तीखी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा। अमेरिका की इस कार्रवाई से न केवल उसके विरोधी देश बल्कि कई सहयोगी राष्ट्र भी नाराज़ नजर आए। ब्राज़ील, मेक्सिको, स्पेन, दक्षिण अफ्रीका, चीन और रूस समेत कई देशों ने इसे अंतरराष्ट्रीय कानून और वेनेज़ुएला की संप्रभुता का उल्लंघन बताया। इन देशों का कहना है कि किसी भी देश को बिना संयुक्त राष्ट्र की मंजूरी के दूसरे संप्रभु राष्ट्र में सैन्य कार्रवाई करने का अधिकार नहीं है। संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने भी इस घटनाक्रम पर चिंता जताते हुए चेतावनी दी कि इससे लैटिन अमेरिकी क्षेत्र की स्थिरता को गंभीर खतरा हो सकता है।

मादुरो की गिरफ्तारी अमेरिका द्वारा चलाए गए एक विशेष अभियान के तहत की गई, जिसके बाद उन्हें अमेरिका लाकर ड्रग तस्करी और नार्को-आतंकवाद से जुड़े मामलों में अदालत में पेश किया गया। वेनेज़ुएला सरकार ने इस कदम को ‘अपहरण’ करार देते हुए इसे साम्राज्यवादी सोच का परिणाम बताया। वहीं, मादुरो ने अदालत में खुद को निर्दोष बताते हुए दावा किया कि वे अब भी वेनेज़ुएला के वैध राष्ट्रपति हैं। इस पूरे घटनाक्रम के बाद कई देशों ने मादुरो की तत्काल रिहाई की मांग भी उठाई।

अमेरिका ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपना बचाव करते हुए कहा कि यह सैन्य हमला नहीं बल्कि कानून के तहत किया गया एक सीमित कार्रवाई वाला ऑपरेशन था। संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका के प्रतिनिधि और पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दूत ने स्पष्ट किया कि अमेरिका अपने फैसले पर कायम है और उसका उद्देश्य अंतरराष्ट्रीय ड्रग नेटवर्क और संगठित अपराध पर रोक लगाना था। उनका कहना था कि मादुरो का शासन लंबे समय से अवैध गतिविधियों में लिप्त रहा है और यह कार्रवाई वैश्विक सुरक्षा के हित में की गई।

हालांकि, अमेरिका के इस तर्क से कई देश संतुष्ट नहीं दिखे। आलोचकों का मानना है कि यह कदम भविष्य में बड़े देशों द्वारा छोटे राष्ट्रों के खिलाफ एकतरफा कार्रवाई की खतरनाक मिसाल बन सकता है। संयुक्त राष्ट्र में हुई इस बहस के बाद वैश्विक राजनीति में गहरे मतभेद साफ दिखाई दे रहे हैं, जहां एक ओर अमेरिका अपने फैसले को सही ठहरा रहा है, वहीं दूसरी ओर बड़ी संख्या में देश इसे अंतरराष्ट्रीय व्यवस्था और नियमों के लिए गंभीर चुनौती मान रहे हैं।

Leave a Comment