मध्य प्रदेश से एक हैरान करने वाली खबर सामने आई है। प्रदेश की एक नर्सिंग कॉलेज की 80 से ज़्यादा छात्राओं ने एक डॉक्टर पर यौन उत्पीड़न के गंभीर आरोप लगाए हैं। छात्राओं ने प्रबंधन और प्रशासन को अपनी शिकायत दी है, जिसके बाद पूरे मामले में जांच शुरू हो गई है।
मध्य प्रदेश के एक निजी नर्सिंग कॉलेज में पढ़ने वाली करीब 80 छात्राओं ने एक डॉक्टर पर यौन शोषण का आरोप लगाकर सनसनी फैला दी है। आरोप है कि ये डॉक्टर छात्राओं से आपत्तिजनक सवाल पूछता था, अनुचित तरीके से छूने की कोशिश करता था और विरोध करने पर नंबर काटने की धमकी देता था।
पीड़ित छात्राओं ने बताया कि उन्होंने पहले भी कई बार कॉलेज प्रबंधन से शिकायत की थी, लेकिन उनकी बात को नजरअंदाज कर दिया गया। अब जब शिकायतकर्ताओं की संख्या बढ़ी, तो मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचा है।
छात्राओं का कहना है कि आरोपी डॉक्टर क्लास के नाम पर उन्हें अकेले में बुलाता था और अशोभनीय व्यवहार करता था। इतना ही नहीं, जो छात्राएं विरोध करती थीं, उन्हें इंटरनल एग्ज़ाम में फेल करने की धमकी दी जाती थी।
जैसे ही मामला सामने आया, स्थानीय प्रशासन ने जांच के आदेश दे दिए हैं। कॉलेज प्रशासन की ओर से भी एक जांच कमेटी गठित की गई है। आरोपी डॉक्टर को फिलहाल छुट्टी पर भेज दिया गया है।
बाइट – पीड़ित छात्रा: “वो सर हमें क्लास में बुलाते थे और गलत तरीके से बात करते थे। बहुत बार हमें अकेले में बुलाया गया। जब विरोध किया तो कहा कि एग्ज़ाम में फेल कर देंगे।”
बाइट – जिला अधिकारी/पुलिस अधिकारी:
“मामला संज्ञान में आते ही जांच टीम गठित कर दी गई है। छात्राओं से बातचीत की जा रही है और उनके बयान दर्ज किए जा रहे हैं। आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।”
यह घटना न केवल नर्सिंग छात्राओं की सुरक्षा पर सवाल खड़े करती है, बल्कि यह भी दिखाती है कि कैसे पावर का गलत इस्तेमाल कर कुछ लोग शिक्षा संस्थानों को असुरक्षित बना देते हैं। अब देखना होगा कि जांच के बाद प्रशासन क्या सख्त कदम उठाता है।




