प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने असम दौरे के दौरान कांग्रेस पर तीखा हमला बोलते हुए राज्य में भाजपा-एनडीए की “डबल इंजन सरकार” के विकास मॉडल को प्रमुखता से सामने रखा। कोकराझार में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि केंद्र और राज्य में एक ही गठबंधन की सरकार होने से विकास कार्यों को गति मिली है और असम में शांति व स्थिरता का माहौल बना है। खराब मौसम के कारण वह कार्यक्रम स्थल पर नहीं पहुंच सके और गुवाहाटी से वर्चुअल माध्यम से जनता को संबोधित किया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार पूर्वोत्तर, विशेषकर असम के समग्र विकास के लिए लगातार काम कर रही है और राज्य को नई विकास यात्रा की ओर आगे बढ़ाया जा रहा है।
प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर आरोप लगाते हुए कहा कि उसने लंबे समय तक असम की उपेक्षा की और वोट बैंक की राजनीति के कारण राज्य की समस्याओं को नजरअंदाज किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस ने झूठे वादों की राजनीति की और अवैध घुसपैठ जैसी गंभीर समस्या को भी राजनीतिक लाभ के लिए बढ़ने दिया। मोदी ने दावा किया कि भाजपा सरकार ने इस चुनौती से निपटने और राज्य की पहचान तथा सुरक्षा की रक्षा के लिए ठोस कदम उठाए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि पूर्वोत्तर के विकास और असम की सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखने के लिए केंद्र सरकार लगातार योजनाएं लागू कर रही है।
अपने भाषण में प्रधानमंत्री ने बोडोलैंड क्षेत्र में हुए विकास कार्यों और शांति प्रक्रिया का भी उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि 2020 के बोडो शांति समझौते के बाद क्षेत्र में स्थिरता आई है और अब विकास परियोजनाओं को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। बोडो समुदाय के सामाजिक-आर्थिक विकास और क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने के लिए सरकार लगातार निवेश कर रही है।
इस दौरान प्रधानमंत्री ने असम को लगभग 4,500 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं की सौगात भी दी। इनमें रेलवे, सड़क और बुनियादी ढांचे से जुड़ी कई योजनाएं शामिल हैं। साथ ही तीन नई ट्रेनों को हरी झंडी दिखाई गई और रेलवे से संबंधित एक महत्वपूर्ण परियोजना की आधारशिला रखी गई।
असम में आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर प्रधानमंत्री का यह दौरा राजनीतिक रूप से भी अहम माना जा रहा है। अपने संबोधन में उन्होंने राज्य की जनता से भाजपा-एनडीए का समर्थन जारी रखने की अपील की और कहा कि डबल इंजन सरकार ही असम को स्थायी शांति, तेज विकास और समृद्धि की दिशा में आगे बढ़ा सकती है।




